Jj1

मुख्यमंत्री व पुलिस अधिकारियों के बीच चर्चा, नशीला दवाएं रोकने के लिए पुलिसबलों से किया आह्वान

ईटानगरः मुख्यमंत्री पेमा खांडू ने राज्य के पुलिस बलों से राज्य में नशीली दवाओं के खतरे को रोकने के लिए अपने प्रयासों को जारी रखने का आह्वान किया है। उन्होंने कहा कि नशीला पदार्थ आतंकवाद से भी ज्यादा खतरनाक है। उन्होंने आगे और कहा कि नशीली दवाओं का खतरा एक गंभीर मुद्दा है।  यह पूरी तरह से एक पीढ़ी को नष्ट कर सकता है।  हमें समाज के बुजुर्गों और अभिभावकों के रूप में अपना भविष्य बचाने के लिए सब कुछ करने की जरूरत है। हालही में मुख्यमंत्री पेमा खांडू ने पुलिस मुख्यालय में पुलिस अधीक्षकों (एसपी) और अरुणाचल सशस्त्र पुलिस बटालियन (एएपीबीएन) और भारतीय रिजर्व बटालियन (आईआरबीएन) के कमांडेंटों के अर्धवार्षिक सम्मेलन को संबोधित कर रहे थे। इसको लेकर राज्य सरकार बहुत गंभीर है ।खतरे को खत्म करने तथा राज्य में नशीली दवाओं के दुरुपयोग और तस्करी करने वालों को बर्दाश्त नहीं करेगी। अपने सदस्यों के बीच जागरूकता पैदा करने के लिए समुदाय-आधारित संगठनों और धार्मिक संस्थानों पर जोर दे रहे हैं। पुलिस को बताया कि नशे की सामाजिक प्रकृति के कारण व्यसनी को सावधानी से संभालने की जरूरत है लेकिन हमें ऐसे तस्करों के साथ कड़ी मेहनत करनी होगी।

Jonai

जोनाई में छट्ठ व्रतधारियों ने डूबते सूर्य को अर्घ्य दिया

जोनाई: देश के अन्य भागों के साथ ही धेमाजी जिले के जोनाई महकमा के विभिन्न भागों में छठ पर्व पर डुबते हुए सुर्य भगवान को अर्घ्य अर्पित किया गया।जोनाई बाजार सार्वजनिक छट्ठ पूजा समिति, मुरकंगसेलेक रेलवे स्टेशन डांगरिया बाबा मंदिर  छट्ठ पूजा समिति , मुरकंगसेलेक लखी नेपाली तीन आली दुर्गा मंदिर छट्ठ पूजा समिति, रुकसिन गेट सार्वजनिक छट्ठ पूजा समिति के बैनर तले क्रमश एमएसटीडी ब्लॉक पोखरा , डांगरिया बाबा मंदिर स्थित पोखरा , दुर्गा मंदिर स्थित पोखरा और दो नंबर रुकसिन गेट स्थित नदी घाट पर पुजा समितियों ने अपने घाटों पर सजावट के साथ ही लाइटिंग की व्यवस्था किया है। छठ पर्व के तीसरे दिन कार्तिक शुक्ल षष्ठी को छठ का महत्वपूर्ण दिन है। इसे डाला छठ के नाम से भी जाना जाता है। सूर्यदेव के तेज से शोभित छठ पूजा का ये त्योहार बीते 8 नवम्बर को शुरू हुआ था। वहीं बुधवार को शाम के समय डूबते हुए सूर्य को पहला अर्घ्य दिया गया। सूर्य षष्ठी का यह व्रत संतान की लंबी आयु, अच्छी सेहत, पारिवारिक सुख-समृद्धि और मान-सम्मान हेतु किया जाता है।

Jj1

अरुणाचल में चीन ने 100 घरों का किया निर्माण, भारत ने जताई प्रतिक्रिया

ईटानगरः अरुणाचल प्रदेश की भारत-चीन विवादित सीमा क्षेत्रों को लेकर चीन की दिन प्रतिदिन कोई न कोई नापाक हरकतों सामने आ रहे है। हाल ही में पेंटागन की एक रिपोर्ट सामने आया है कि अरुणाचल प्रदेश सेक्टर में वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएसी) के साथ एक गांव बसा लिया है। रिपोर्ट में चीनी गांव के बारे में दावा किए जाने के बाद भारत के सुरक्षा प्रतिष्ठान के सूत्रों ने कहा कि ऊपरी सुबनसिरी जिले में विवादित सीमा के साथ उल्लिखित गांव क्षेत्र में है, जो चीन द्वारा नियंत्रित किया जाता है।  

Jj2

लखीमपुर जिले में पाँच दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया

लखीमपुरः जिला प्रशासन ने विश्व बैंक के सहयोग से आज लखीमपुर जिला परिषद कार्यालय के सभाकक्ष में आज पाँच दिवसीय (8 नवम्बर से 15 नवम्बर तक) असम नागरिक केन्द्री अधिकार सेवा अधिकार कानून 2021 के प्रशिक्षण कार्यसूची का आयोजन किया। इस पाँच दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम में जिले के मुरब्बी अधिधाकरी और उनके कार्यालय के सहायक अधिकारियों को  अलग अल्फ प्रशिक्षण प्रदान किया गया। जिला उपायुक्त श्रीसुमित सत्तावान ने आज के इस प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुभारम्भ किया। प्रशिक्षण कार्यक्रम में उपस्थित अधिकारियों का उन्होंने असम नागरिक केन्द्रिक सेवा अधिकार कानून 2021 द्वारा प्रदत्त अधिकारों  और  सुविधाओं आदि के विषय में आम नागरिकों को जागरूक करने के साथ ही अपने अपने कार्यालय को सुचारू रूप से संचालित करने का आह्वान किया।

Jj1

अरुणाचल: राज्यपाल ने किया ग्रीनफील्ड होलोंगी हवाई अड्डे की प्रगति की समीक्षा

ईटानगरः अरुणाचल प्रदेश के राज्यपाल  बीडी मिश्रा ने आज राज्य की राजधानी ईटानगर से 28 किमी दूर होलोंगी में ग्रीनफील्ड होलोंगी हवाई अड्डे की प्रगति की समीक्षा की। राज्यपाल ने महत्वपूर्ण क्षेत्रों पर इनपुट लिया जिन्हें एक के भीतर पूरा करने की आवश्यकता है। अगले  15 अगस्त 2022 को ग्रीनफील्ड हवाई अड्डे पर पहला विमान की लैंडिंग सुनिश्चित करने के लिए समय सीमा निर्धारित किया गया है। उन्होंने बैठक में संबंधित अधिकारियों के साथ रनवे, हवाई यातायात नियंत्रण प्रणाली, लाउंज, सुरक्षा, बिजली और पानी की आपूर्ति आदि की प्रगति की समीक्षा की। विमान की प्रस्थान और आगमन राज्यपाल ने विभिन्न भवनों के लिए मध्यवर्ती व्यवस्था के बारे में भी चर्चा की जिसमें अधिक समय लग सकता है। राज्यपाल ने कहा कि कार्य की प्रगति के लिए अधिकतम पांच माह की वर्षा मुक्त अवधि उपलब्ध है और इसका अधिकतम उपयोग किया जाना चाहिए।  उन्होंने हवाई अड्डे के निर्माण के लिए जिम्मेदार लोगों विशेष रूप से भारतीय हवाईअड्डा प्रतिनिधि प्राधिकरण से मिशन मोड में काम करने और सभी संबंधित विभागों को शामिल करने का आह्वान किया।