नाबालिग ‘गोलगप्पा गर्ल’ आशिक के संग हुई फरार, पुलिस तलाश में

Golgappa

नई दिल्लीः उत्तर प्रदेश के मीरजापुर जिले में एक ऐसा मामला सामने आया, जिसने लोगों को बता दिया कि ‘दिल दिवाना होता है।’ जी हां, ये मामला ही कुछ ऐसा है। दरअसल हुआ ये कि एक लड़की को गोलगप्पे बहुत पसंद थे, लेकिन गोलगप्पे खाते-खाते वो अपना दिल भी गोलगप्पे वाले को दे बैठी। गोलगप्पे आखिर किसको पसंद नहीं, मगर इस मामले में गोलगप्पे का तीखा और मीठा पानी इस लड़की के सिर ऐसा चढ़ा कि वो गोलगप्पे वाले के साथ फरार हो गई। लेकिन लड़की के नाबालिग होने की वजह से इस मामले में पेंच फंस गया है। लड़की के घरवालों को जैसे ही पता चला कि उनकी लड़की एक गोलगप्पे वाले के साथ भाग गई है, तो उनके पैरों तले जमीन ही खिसक गई।

जागरण के मुताबिक यह अजीबोगरीब मामला मीरजापुर का है जहां गोलगप्पा खाते-खाते लड़की गोलगप्पे वाले से ही आंखें चार कर बैठी और उसके साथ फरार हो गई। गोलगप्पे के जायके से इश्क तो अमूमन सभी को होता है मगर बेचने वाले के साथ इश्क के बाद फरार होने का यह मामला अब प्रेमिका के नाबालिग होने की वजह से सिरदर्द बन गया है। परिजनों को पूरेे घटनाक्रम की जानकारी हुई तो उन्होंने सिर पीट लिया। 

लड़की के परिजनों ने बताया कि पास ही में रहने वालेे युवक के बनाए हुए गोलगप्पे किशोरी को बेहद पसंद थे। मगर उनको ये बिल्कुल भी अंदाजा नहीं था कि गोलगप्पा खाते-खाते वह गोलगप्पे बेचने वाले को पसंद भी करने लगेगी और एक दिन उसके साथ घर बसाने का सपना ही देखने लगेगी।

स्थानीय लोगों ने बताया कि जब 17 वर्षीय छात्रा गोलगप्पे खाते-खाते गोलगप्पे के साथ-साथ गोलगप्पे वाले की भी दीवानी हो गई, तो उसने न तो अपने परिवार की सोची और न ही समाज की। दीवानगी इस हद तक परवान चढ़ी कि लड़की अपने घर के ठीक सामने रहने वाले गोलगप्पे बेचने वाले युवक के साथ फरार हो गई। पुलिस के अनुसार गोलगप्पा बेचने वाले युवक झांसी से आकर किराए के मकान में लगभग दो वर्षों से रह रहा था। वह ठेला गाड़ी पर गोलगप्पे बेचता था, जिसके साथ युवती प्रेम कर बैठी और फरार हो गयी।

परिवारवालों की मानें तो युवक गोलगप्पे खिलाने के बहाने नाबालिग छात्रा को अपने प्रेम जाल में फंसा लिया था। वहीं मंगलवार की देर रात मौका पाकर वह अपनी नाबालिग प्रेमिका को लेकर रफूूचक्कर हो गया। सुबह परिजनों ने देखा कि किशोरी घर पर नही है तो उन्होंने खोजबीन शुरू की। बहुत खोजने के बाद जब लड़की नहीं मिली तो परिजनों ने पुलिस के पास जाने का फैसला किया।

किशोरी के परिजनों ने स्थानीय थाने में प्राथमिकी दर्ज करवाई। नाबालिग लड़की भगाने की शिकायत मिलते ही पुलिस भी सक्रिय हो गयी। वहीं, किशोरी को भगाकर ले जाने वाले युवक ने किशोरी के घर फोन कर कहा कि मैं झांसी जा रहा हूं, आप लोग परेशान न हों। 

वहीं कस्बा चैकी प्रभारी सुरेन्द्र कुमार सिंह ने बताया परिजन थाने पर आकर मुकदमा नही लिखने के लिए कह रहे हैं। बहरहाल, पुलिस किशोरी को बरामद करने के लिए बड़ी शिद्दत से लगी हुई है।